Question:
‘सोहत ओढ़े पीत-पट स्याम सलोने गात।
मनो नील मनि शैल पर आतप पर्यो प्रभात।।’
उक्त पंक्तियाँ, निम्न में से किस अलंकार का उदाहरण हैं?
‘सोहत ओढ़े पीत-पट स्याम सलोने गात।
मनो नील मनि शैल पर आतप पर्यो प्रभात।।’
उक्त पंक्तियाँ, निम्न में से किस अलंकार का उदाहरण हैं?
Options:
- रूपक
- उपमा
- अतिशयोक्ति
- उत्प्रेक्षा
- रूपक
- उपमा
- अतिशयोक्ति
- उत्प्रेक्षा
Correct Answer: d)
Explanation:
These lines are a classic example of ‘Utpreksha Alankar’ (उत्प्रेक्षा अलंकार). Utpreksha occurs when Upameya is imagined or envisioned as Upamana, marked by indicator words like मनु, मानो, जनु, जानो, मनो. Here, Sri Krishna’s dark body (उपमेय) wearing yellow garments is envisioned as the blue sapphire mountain (नीलमणि पर्वत) struck by the morning sunlight (उपमान), explicitly signaled by ‘मनो’.
प्रस्तुत पंक्तियों में ‘उत्प्रेक्षा अलंकार’ है। जहाँ उपमेय में उपमान की संभावना या कल्पना की जाए, वहाँ उत्प्रेक्षा अलंकार होता है। इसके वाचक शब्द ‘मनु, मानो, जनु, जानो, मनो’ आदि होते हैं। यहाँ श्रीकृष्ण के श्याम शरीर (उपमेय) पर पीतांबर की शोभा में नीलमणि पर्वत (उपमान) पर प्रातःकालीन धूप पड़ने की संभावना ‘मनो’ शब्द द्वारा व्यक्त की गई है।