Question:
कहावत ‘जल में रहकर मगर से बैर’ का सही अर्थ क्या है?
कहावत ‘जल में रहकर मगर से बैर’ का सही अर्थ क्या है?
Options:
- जिसके आश्रय में रहना हो, उसी से शत्रुता करना अनुचित और विनाशकारी है
- पानी में रहने वाले जीवों से सावधान रहना
- असंभव कार्य करने का प्रयास करना
- बलवान के आगे झुक जाना
- जिसके आश्रय में रहना हो, उसी से शत्रुता करना अनुचित और विनाशकारी है
- पानी में रहने वाले जीवों से सावधान रहना
- असंभव कार्य करने का प्रयास करना
- बलवान के आगे झुक जाना
Correct Answer: a)
Explanation:
‘जल में रहकर मगर से बैर’ means that it is foolish and hazardous to antagonize the person or authority under whose domain or shelter you live.
इस लोकोक्ति का भावार्थ है कि जिसके प्रभाव-क्षेत्र या आश्रय में रहना हो, उससे शत्रुता मोल लेना स्वयं को संकट में डालना है।